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World's Best Cow Hospital

फिर से उलझाता है सबको नफ़रत वाली बात में दूसरे राउंड में ही लुच्चा आ गया औक़ात में

बाबा पुराने दौर की कुछ बात बताइए , ऐसा सुना है होती थी क़ीमत ज़बान की ।।

एक बार बार मन में आने वाला सवाल:- राजनीति सेवा है या नौकरी !यदि सेवा है तो वेतन व पेंशन क्यों?औरयदि नौकरी है तोयोग्यता व परीक्षा क्यों नहीं ?

आते नहीं हैं लोग असल किरदार में कभी, यहाँ एक से बढ़कर एक अदाकार हैं सभी

तुम्हारे जाने के बादज़िंदगी के अलग अलग पड़ाव में..हर जगह…हर एक शख़्स के अंदर…ढूंढा मैंने तुम्हें, फ़िर एहसास हुआ किछोड़ गये हो तुम…सब जगह थोड़ा थोड़ा ख़ुद को ढूंढा तुम्हें…पर दोबारा कभी तुम मुझे पूरे ना मिले।

शुभचिंतक = शुभ होते ही चिंता करने लगा🤣

ख्वाहिशों के समंदर के सब मोती तेरे नसीब हो, कुछ यूं उतरे तेरे लिए रहमतों का मौसम, कि तेरी हर दुआ, हर ख्वाहिश क़ुबूल हो।

जो मिला है वो आम हैजो ख़ास है वो काश में है….!!

जिंदगी रेल सी गुजर रही है,और उम्मीदें स्टेशन सी छूट रही है।

दर्द मिलता रहेगादिल मजबूत रखना….!!

सत्य से मीठा कोई फल नहीं,झूठ कितना भी बोलो उसका कोई कल नहीं !!

योजना के बिना लक्ष्य सिर्फ इच्छा है

मैं जानता हूं कहाँ तक उड़ान है उनकी, ये मेरे हाथ से निकले हुए परिंदे है..

रोयी भी हूँ रूठी भी हूँ , अकेले में टूटी भी हूं.

परम शत्रु से भी ज्यादा घातक है..गलत दिशा में भटकता हुआ आपका मन..!!

कुछ देर की ख़ामोशी है फिर शोर आएगा तुम्हारा सिर्फ़ वक़्त आया है हमारा दौर आएगा।

भूल गया था अपना असली किरदार मोहब्बत में, आज परछाईं में खुद को मुस्कुराते हुए देखा है..!! विरक्ति

जेहन में उसके नाज़ी का नायक इतराता हैपर होंटों से वो गांधी-गौतम को गाता है!

अगर कोई हमेशा आपको व्यस्तहोने का दिखावा करता है तो वहव्यस्त नही किसी और के साथ मस्तरहता है, कितना भी याद कर लोकितना भी जता लो एक दिन खुदको ही लगेगा कि अब अपना रास्ताअलग ही सही है सूचना जनहित...

जिंदगी पर भरोसा कीजिए, भरोसे पर जिंदगी नहीं...


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