World's Best Cow Hospital

बेटियाँ जो सिर्फ़ बेटियाँ होती हैं माँ की अनुपस्थिति में माँ पिता की ग़ैरमौजूदगी में पिता।

तोहार पाँच किलो राशन मुँह पे फेंक देवे के..!साहेब आवे द इलेक्शन तोहके देख लेवे के..!

तेरा चुप रहना मिरे ज़ेहन में क्या बैठ गयाइतनी आवाज़ें तुझे दीं कि गला बैठ गयायूँ नहीं है कि फ़क़त मैं ही उसे चाहता हूँजो भी उस पेड़ की छाँव में गया बैठ गयाइतना मीठा था वो ग़ुस्से भरा लहजा...

क्यूँ न आए दुआओं 🤲 पर यकीन.गिरते गिरते सम्भल जो गया हूं मैं..!!

पर्दा जिंदगी का हो या सिनेमा हॉलों काअंधेरों में दिखती है हकीकत उजालों की..!!

सच्चाई हमेशा थोड़ी, निराशाजनक होती हैं।

जरुरी नहीं है कि कुछ तोड़ने के लिए पत्थर ही मारा जाए लहजा बदल के बोलने से भी बहुत कुछ बदल जाता है..!!

दुनिया तुली थी हमको बनाने पे देवता , पर हम किसी भी हाल में पत्थर नहीं हुए

कामयाबी में रफ्तार का होना बहुत जरूरी है क्योंकि कछुआ सिर्फ कहानियों में जीतता है

इस दुनिया मे कुछ भी स्थायी नही है यहाँ तक कि हमारी परेशानियाँ भी नहीं!

जीत का जुनून है, फिर हार सोचना क्यों!

वहम से भी खत्म हो जाते हैं रिश्ते कई बार, कसूर हर बार गलतियों का नहीं होता ..!!

वो महफ़िल में तुझे अजनबी कहे देगीवही जिसका तू मजनू हैं!!

इंसान ही इंसान का रास्ता काटता है ,बिल्लियाँ तो बस यूँ ही बदनाम हैं ..!!

मैं इज़हार करूं तो ना भी हो सकती हैं, तुम करो तो हां की जिम्मेदारी मेरी ...

फीते से क़िरदार को क्या नापे कोई , हकीकत इंसान की हरक़त बता देती है।

बच्चों को जहां चूमती है वो ठीक उसी जगह चूमती थी वो

अकेला चलना किसी के, पीछा चलने से बेहतर है....

✯||करबटे बदलती हैं बोशामें.उस चांद के इंतेजार मैं…||✯

मंदिर बहुत बना लिया, अब एक लंका भी बना दो, जहा सीता जैसी बहन बेटी सुरक्षित रह सके ....!


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