World's Best Cow Hospital

मैं लेखक हूं, हालातों पर लिखता हूं, जज्बातों पर लिखता हूं,दफन हुई ख्वाहिशें, किसी की चंद मुलाकातों पर लिखता हूं,समाज में फैल रहे द्वेष, अनैतिकता और गंदगी पर लिखता हूं,कभी कभी मुकद्दर से चोट खायी अपनी ज़िन्दगी पर लिखता हूं..!!

ये दो शब्द जीवन को नष्ट कर देते है..पहला "अहम" और दूसरा "वहम"…!!

मैं फ़िज़ूल खुली किताब सा हो लियाऔर तुमने अनपढ़ बनना सीख लिया

बड़ा आदमी बनना अच्छी बात है अच्छा आदमी बनना बड़ी बात है !!!

तपिश भूख की जानवरों कि भी इंसानों जितनी है, देखना ये है पेट भरने लायक तुममें इंसानियत कितनी है..!! विरक्ति

रथ रावण के पास था संसाधन रावण के पास थे सेना रावण के पास थी सोना रावण के पास था भगवान राम के पास सत्य था आशा थी. आस्था थी. प्रेम था. परोपकार था. विनय था. धीरज था. साहस था. सदैव नहीं रहती...

वृक्ष के समान बनो जो कड़ी गर्मी झेलने के बाद भी सभी को छाया देता है। महाकवि कालिदास

मोहब्बत कहीं न कहीं अपनी हम-ख़्याल पसंदीदा रूह के साथ सारी उम्र , बिना उकताये हम-कलाम होते रहने का नाम है .!!

सदा जो दिल से निकल रही हैवो शेर और नगमों में ढल रही हैकी दिल के आंगन में जैसे कोईग़ज़ल की झांझर छनक रही है

कुछ तो अच्छा लिखा होगा मेरे भी हिस्से में ख़ुदा सिर्फ जिंदा रहना "जिंदगी थोड़ी है

कुछ चीज़ों को अधूरा ही छोड़ना पड़ता है हर बार परिस्थिति अनुकूल नहीं होती!

नियम के बिना और अभिमान के साथ किया गया तप व्यर्थ ही होता है। वेदव्यास

सफलता डिग्री नहीं.... हुनर मांगती है...!!

जा बिछड़ जा मगर ये ख़्याल रहेयूं ना हो कि उम्र भर मलाल रहे

मन से उतर रहे हैं, दिल में रहने वाले...

एक हल्की सी मुसकुराहट से शुरू हुई मोहब्बत, हज़ार आसूं बहाने से भी खत्म नहीं होती...

देख कर परेशान हूं रिवाज दुनिया का अब जूठ बोलकर भी लोग शर्मिंदा नहीं होते।

क्या कहा, मोहब्बत कर ली..बेवक़ूफ़ ख़ुदकुशी ही कर लेता..!!

हमारी सादगी ही गुमनाम रखती है हमें,जरा सा बिगड़ जाएं तो मशहूर हो जाएं।

जिंदगी में हर मौके का फायदा उठाओ लेकिन किसी के विश्वास का बिल्कुल नहीं...


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