World's Best Cow Hospital

मंजिल इतनी पास होकर भी उनकी राहें गुम क्यूँ है?हम क्या इतने गैर है ख़ुदा..अगर नहीं तो मेरी दुआ में तेरी मंजूरी इतनी तंग क्यूँ है?

फिर से उलझाता है सबको नफ़रत वाली बात में दूसरे राउंड में ही लुच्चा आ गया औक़ात में

अगर आप पर कोई मरता है, तो कोशिश करें वो जिंदा रहे....

ज़िन्दगी के "पन्नों" में मेरा किरदार भी "जोकर" का रहा, मैं "हंसा" तो भी लोग हंसे मैं "रोया" तब भी लोग हंसें..!!

दिल का मामला है तो,दर्द से बनाकर रखिएगा हुज़ूर!किसी-न-किसी मोड़ पर,ठोकर ये खाएगा ज़रूर !

इजहारे ऐ इश्क महफिल में आंखों ही आंखों में बयां हो रहाकैसे बचाते दिल को जब #कातिल से ही इश्क हो रहा था !!

दोस्ती बड़े लोगो से नहीं ,मुसीबत में साथ देने वाले लोगो से होनी चाहिए…

तेरे होंठों के स्पर्श से मेरा हर ज़ख़्म भर जाता, भींच कर बाहों में तेरी फूंक से भाप करवाता, और हम भी कसीदे इश़्क़ के आंखों से पढ़ लेते, मयस्सर जो तू होती तो तेरा दर्द भी हंसकर पी जाता..!! विरक्ति

उन लोगों से मतलब मत रखो,जो मतलब से मतलब रखते हैं ..!!

जो हर मुलाकात पे चाय पिलाते हैं , वो लोग सीधा मेरे दिल को भाते हैं ।।

रहिमन ओछे नरन सो, बैर भली ना प्रीत। काटे चाटे स्वान के, दोउ भाँति विपरीत॥

मेरे किरदार पर ऊँगली मत उठा... मै अपना पहचान बता दूँगा तो... तुम मुझसे जान-पहचान बढ़ाने लगोगे...

मत कर मायूस खुद को बुलन्दी से गिरने के बाद , राहे नई भी खुलती है तूफानो के गुजरने के बाद ..!!

राह के पत्थर से बढ़ कर कुछ नहीं हैं मंज़िलेंरास्ते आवाज देते हैं सफर जारी रखो !

घर के बाहर ढूँढता रहता हूँ दुनिया घर के अंदर दुनिया-दारी रहती है

सोचती हूँ मेहनत की कलम से.... ज़िंदगी की कहानी फिर से लिखूं...!!

मंगल को बजरंग-बली से तेरा शुक्र मनाऊँऔर शुक्र को तू अल्लाह से मेरा मंगल माँगे

किस तरह जमा कीजिए अब अपने आप को, काग़ज़ बिखर रहे हैं पुरानी किताब के

संघर्षों की समर भूमि में, हमसे पूछो हम कैसे हैं, कालचक्र के चक्रव्यूह में, हम भी अभिमन्यु जैसे हैं। हरिओम पंवार

"सफलता छोटे-छोटे प्रयासों का योग है - जिसे दिन-प्रतिदिन दोहराया जाता है।'' ~ रॉबर्ट कोलियर


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