World's Best Cow Hospital English दुख का प्रतीकशायद रोना नहींमौन हो जाना है !!! ये दुनिया है इधर जाने का नहीं,मेरे बेटे किसी से इश्क कर,मगर हद से गुजर जाने का नहीं । गहराई ढूंढते है मेरे शब्दों में अब तुम..मैने दरिया में उतरना ही छोड़ दिया… वृक्ष के समान बनो जो कड़ी गर्मी झेलने के बाद भी सभी को छाया देता है। महाकवि कालिदास चिंता से चतुराई घटे, दु:ख से घटे शरीर। पाप से लक्ष्मी घटे, कह गये दास कबीर।। कबीर तलवार का दौर गया, अब लोग तानों से मार देते हैं… फूलों के दिन मेंपौधों को प्यार सभी जन करते हैं,मैं तो तब जानूँगी जबपतझर में भी तुम प्यार करो !! ❤️ रात को रात कह दिया तुमने इतना सच कौन बोलता है मियां शीघ्रता में विवाह करने पर हम फुरसत से पश्चाताप करते हैं। विलियम कांग्रीव पहले निचोड़ लेते हैं जिस्म अपनी आंखों से, फिर दुपट्टा संभालने कि हिदायत देते हैं..!! चले आओ अजनबी बनकर फिर से मिले.. तुम मेरा नाम पूछो मैं तुम्हारा हाल पूछूँ..!! आंधियों को आख़िर ज़िद छोड़ना पड़ादम उनका निकाल दिया इक चराग़ ने कुछ लोगों की सोच चाय ने डूबे बिस्किट, की तरह होती है कब गिर जाए पता नहीं चलता.... चार दिन बाज के ना उड़ने से आसमान कबूतरों का नहीं होता.!! पुस्तकालय एक ऐसा वृक्ष है, जहाँ विचारों के फल हर मौसम में लगते हैं । अगर तुम किसी को शिद्दत से चाहोगे ना तो वो उतनी ही शिद्दत से तुम्हें जलील भी करेगा !! मन ऊदास है ना जाने कैसी ये प्यास है,,,, निगाहे ढूंढती है जिनको ना जाने वो किसके पास है,,,, फिर हमनें अपनी आंखो को सजाया है तुम्हारे लिएतुम अपना दिल कब सजाओगे मेरे लिए....!! शौक उड़ान की रखते हो तो बाज बनो,वरना यूं तो कोए भी आसमान में उड़ते बहुत देखे हैं।। समझदार बनो, वफ़ादार बनो, असरदार बनो पर दुकानदार मत बनो !! Prev1…919293…236Next Concept, Created & Designed by sureshjain.com © copyright 2025. sureshjain.com All Rights Reserved.