पुरुषों ने प्यार में ताजमहल बनवाया,
नस काटी,पहाड़ तोड़े...स्त्रियों ने क्या किया
काश तू चाॅंद , और मैं सितारा होता ,आसमान में , आशियां हमारा होता..!!
लोग तुम्हें दूर से देखते ,पास से देखने का हक , सिर्फ हमारा होता..!!
पानी और चरित्र कितना भी साफ क्यों ना हो,
लोग इन्हें मैला करने में कोई कमी नहीं छोड़ते....!!
आ तेरे संग एक पेंग बनायी जाये , ज़िन्दगी आ बैठ तुझे चाय पिलाई जाए...
सुख में होंगे तो करेंगे खुलासे !अब दुख में क्या तमाशे करू !!
मेरे दोस्तों दूसरों को उलटा देखना बंद करो, पहले खुद की गलतियां ख़त्म करो...
इश्क़ और सुबह की चाय
दोनों एक समान होती हैं,
हर बार वही नयापन,
हर बार वही ताज़गी...
हर धर्म में है इंसानियत का पाठ,
ये अलग बात है कि कुछ लोग इसे पढ़ नहीं रहे हैं।
"तेरा हर नज़र-ए-अंदाज पसंद है मुझे" "बस एक नज़र अंदाज करना पसंद नहीं"
शब्द पढ़ने वाले
लिखें जज़्बात नहीं पढ़ पाते..!!
जो किताबों में है वो सब का हैतू बता तेरा तजरबा क्या है
निदा फ़ाज़ली
मै लेखक हू लेकिन मै उद्दंडता नही लिखता,देश को पृथक करने वाली उग्रता नही लिखता,इंसान हू मै इसलिए हिन्दू मुस्लिम नही लिखता,हिन्दुस्तान के गौरव पर चोट करती अशिष्टता नही लिखता,और इश्क चाहती है मेरी कलम मै दुष्टता नही लिखता,मै द्वेष...
कामयाबी का तभी "सिंहासन" होगा,जब आपका अपने "मन" पर शासन होगा।
ज़िंदगी इक़ बुरी बला है तो इन बलाओं से जूझते है
मौत इक़ हल नही चलो ख़ुद की ख़ता'ओ से जूझते है
तुम लाख कोशिश कर लो इस्लाम का नामोनिशान मिटाने की,
लेकिन हकीकत यही है जुगनूओं के समूह से कभी जंगल नहीं जला करते।
माँ होना आसान नहीं…पिता बनना और कठिन है..!!
परवाह करने वाले ढूंढ़िये ,
इस्तेमाल करने वाले तो खुद
आपको ढूंढ लेंगे।
हजारों बातें दिल में दफन करके ,
अब खामोश रहना पसंद है मुझे ..!!
लड़की माल नही मान होती हैं,
लडकी सामान नहीं सम्मान होती हैं।