किसी की खुशियों का हिस्सा बनो..दुख देने के लिए जमाना पड़ा है इधर..!!
पिता एक उम्मीद है, एक आस है,बच्चों की हिम्मत और विश्वास है!
अति का भला न बोलना, अति की भली न चूप। अति का भला न बरसना, अति की भली न धूप॥ ~कबीरदास
जिनको विरासत में सब कुछ मिल जाता है, वे संघर्ष का वास्तविक अर्थ ही नही समझ पाते हैं!!
अनवर चतुर्वेदी
फंस गयी है मेरे जीवन की गुत्थी, अब तू सुलझा दे मुझे, अगर मुमकिन हो तो अपनी जुल्फ़ों कि लटों में उलझा ले मुझे..!!
उम्मीद ना कर किसी से इस दुनिया में हमदर्दी की...
बड़े प्यार से जख्म देते है शिद्दत से चाहने वाले...!!
ऐ जिंदगी जा ढुंढ कोई खो गया मुझसे ,
अगर वो न मिले तो तु भी लौट के मत आना ..!!
सच में अक्सर ऐसा होता
जब भी मेरे मन
और संघर्ष के बीच युद्ध होता है
सोचते अब लड़ के खड़ा हुए की
फिर लड़खड़ा के गिर ही जाते हैं
शायद यही असल ज़िंदगी का
यथार्थ मतलब है।
नेहा यादव
सुनो मेरे दोस्तों पैसा इतना कमाओ की,चार लोग तुम्हे अपना दामाद बनाना चाहे…
जब "हृदय" टूट जाता है तब,रूक सकता "कृंदन" का वेग नहीं,ध्वस्त हो जाती "मन" कि क्षमता है,रूक सकता "अश्कों" का संवेग नहीं..!!
विश्वास और अहंकार एक साथ नहीं रह सकते, जैसे जल और तेल एक साथ नहीं मिल सकते !!
राम-राम के जाप में तेरे,
पहले सा आराम नहीं,
जबरदस्ती के जय श्री राम में,
सब कुछ है बस राम नहीं
अगर अंधे आदमी को आंख मिल जाए तो वो
सबसे पहले छड़ी फेंकता है जिसने बुरे वक्त में
उसका साथ दिया ...
मैं क्यों मान लूं तुम नहीं हो मेरे हाथ की लकीरों में, किस्मते तो उनकी भी होती है ना जिनके हाथ नहीं होते
दोनो मज़बूर थे अपने अपने दायरों मे...ना वो बता सकी ना हम जता सके...
हमारे भविष्य का आधार आज के यथार्थ,
लिए गए निर्णय पर निर्भर करता है..!!
हज़ार चाहने वालों से,
एक निभाने वाला बेहतर होता है....
दूसरों के कर्मों का श्रेय स्वयं लेकर
आप जयेष्ठ बन सकते हैं, श्रेष्ठ कदापि नहीं !
ना कोई शिकवा ना कोई गम
जब जैसी दुनिया तब वैसे हम
महंगाई जैसा इश्क़ है मेरा,
कमबख्त बढ़ता ही जा रहा है।