बेकार लगनें लगते हैं मोती कभी कभार…
पत्थर से भी इश्क़ हो सकता है इंसान को…!!
फर्क बहुत है तेरी मेरी समझ में,..तूने जज़्बातों से सीखा है और मैने हालातों से..!!
सब गुज़र तो जाता है,
मगर सब भुलाया नहीं जाता...
" वेदनाएं " कभी मृत्यु का रास्ता दिखाती है,,
तो कभी "लेखक" के जन्म का।
तेरे वास्ते फलक से चांद लाए थे सोलह सत्राह सितारे संग बांध लाए थे ज़रा सी देर क्या हुई हमे आने में तुम चले गए किसी और की जिंदगी सजाने में…!!
यहाँ खुशबू है वादियों में,यहाँ खुशबू है लोगों के किरदारों में !
यहीं कहीं दफ़न हो जाएंगे मेरे साथ मेरे अरमान भी,मेरी वफ़ा के बदले मुझे "तड़पन" ईनाम मिली है..!!
खींच रहा है अपनी तरफ़ ये हमें
और हम इसकी तरफ़ खींचते चले जा भी रहे हैं,
दिल ओ दिमाग पर लगा दिया पहरा
अनेको उलझन में जकड़ कर रख दिया है,
कोई हो जो बच के दिखाए अब इससे
इससे बचना नामुमकिन अब...
तसल्ली से चाहिए मुझे तुम्हारा साथ ,
लम्हों में जन्मों की थकान कहाँ उतरती है !!
राम तुम्हारे युग का रावन अच्छा था...
दस के दस चेहरे सब बाहर रखता था...
प्रताप सोमवंशी
ज़ेहन ने मुझे कहा था पर हमनें दिल नहीं बदला
तुम ही दूर होते गए, हमनें मंज़िल नहीं बदला
वक्त निकल जाने के बाद जो कद्र होती है,
वो कद्र नहीं अफसोस होता है...
✯||ज़रा ठहरो तो नज़र भरके देखे तुम्हे
जमीं पे चांद कहा बार बार आता है...||✯
समंदर
क्या कहा, मोहब्बत कर ली..बेवक़ूफ़ ख़ुदकुशी ही कर लेता..!!
दोस्ती बड़े लोगो से नहीं ,मुसीबत में साथ देने वाले लोगो से होनी चाहिए…
मोटिवेशन वाली वीडियो देख करआदमी 10-15 मिनट ही मोटीवेट रहता है।।
मोहब्बत रंग दे जाती है जब दिल दिल से मिलता हैमगर मुश्किल तो ये है दिल बड़ी मुश्किल से मिलता है
जिनके दिल साफ होते हैं,वो हर जगह से ठुकरा दिए जाते हैं