कुछ दर्द जो अंदर ही अंदर घुटते रहते हैं, आंखों से पानी बन निर्झर नदियों से बहते हैं । समझ ही नहीं पाती,किसी को नही कह पाती, इस जीवन से अब कुछ और नही चाहती ।
आज फिर चाय की मेज़ पर , एक हसरत बिछी रह गयी.... प्यालियों ने लब छू लिए, केतली देखती रह गई !!!!
छल सबसे ज्यादा उनके साथ होता हैजिनके अंदर भावनाओं का अत्यधिक समावेश होता है । वो भावनाओं में निर्णय लेते हैं तभी हर बार धोखा खाते हैं ।
पुरुष सफ़ल रहे जीवन में या असफल रहे... वो हर परिस्थिति में एक छली गई स्त्री या टूटी हुई स्त्री के जीवन को बदल सकता है उन्हें सकारात्मक कर सकता है और सहायता करने को तत्पर रहता है, परंतु स्त्री...
नींद भी क्या खूब होती है यदि आ जाये तो सब कुछ भुला देती है और ना आए तो हर कुछ याद दिला देती है !!!