कभी कभी जहर भरी जिंदगी में,
अमृत का काम करता है एक बूंद इश्क़ !
पानी से पानी मिले,
मिले कीच से कीच,
ज्ञानी से ज्ञानी मिले,
मिले नीच से नीच
जिस हिसाब से जिंदगी चल री है ना
उस हिसाब से मुझे hugs की नहीं drug की जरूरत है
वेलेंटाइन डे आ रहा है पर गर्लफ्रैंड नहीं है??
तो उदास क्यों होता है पगले
गांधी जयंती पर कौन सा गांधी जी हमारे साथ होते हैं।
इसलिए घबराना नहीं बस वेलेंटाइन डे मनाना है।
कितने झूठे थे ना हम दोनों मोहब्बत में,
बिछड़ कर खुश तुम , और जिंदा मैं भी हूं ||