आप का धैर्य आप की सबसे बड़ी शक्ति है,आज़मा कर देखो.
पद और पैसे से कितने भी अपराध छुपा लो साहब,
किसी गरीब की बद्दुआ तुम्हे सुकून से जीने नहीं देगी...
सब्र जितना था कर लिया मैने,
अब तुम ना मिलों वही बेहतर है...
मंगल को बजरंग-बली से तेरा शुक्र मनाऊँऔर शुक्र को तू अल्लाह से मेरा मंगल माँगे
जहां साधारण लोगों की हिम्मत टूट जाती है,
वहीं से इतिहास रचने वाले शुरुआत करते हैं
ज़ख़्म झेले दाग़ भी खाए बहुत
दिल लगा कर हम तो पछताए बहुत...!!
"माँ थी अनपढ़
लेकिन उसके पास गीतों की कमी नहीं थी
कई बार नये गीत भी सुनाती
रही होगी एक अनाम ग्राम-कवि"
आलोक धनवा
तहज़ीब, अदब और सलीका भी तो कुछ है,
झुका हुआ हर शख़्स बेचारा नहीं होता….
किसी को इश्क़ विश्क करना हो तो बता देना,
आज और कल बिलकुल फ्री हूं मैं...
कुछ किताबे ताउम्र धूल फाँकती रह जाएगी,
एक रुपया ही सही किसी का तुम पर उधर रह जाएगा,
कुछ कपड़े बिन पहने ही अलमारी मे दबे रह जाएँगे,
किसी अपने से मुलाकात अधूरी रह जाएगी,
किसी खास से दिल की बात कभी कह नहीं...
तुम्हारा वक़्त है कर लो नज़रअंदाज़ हमको
हमारे वक़्त पर अफ़सोस मत करना मगर तुम
अभी मत दीजियो ज़वाब के मैं
झूम तो लूँ सवाल पर अपने
हज़रत जौन एलिया
जिंदगी पर भरोशा कीजिए जनाबभरोरों पर जिंदगी नहीं…!!
जलाकर हसरत की राह पर चिराग़ आरजू के , . . हम तन्हा रातों में तेरे मिलने का इंतज़ार करते हैं...!!
मेरे दोस्तों दूसरों को उलटा देखना बंद करो, पहले खुद की गलतियां ख़त्म करो...
खलल पड़ता है मेरी नींद में मुर्शदजब कोई ख्याल मेरे ज़हन पर हावी होता है
मैं दोस्ती में हर एक बढ़ता हाथ चूमता हूं
बस शर्त ये हैं कि बन्दा नमक हराम न हो
अहमियत देने पर
लोग इतराते बहुत है...
खुशी का असली मौका तब आएगा,जब आप उसे किसी अपने के साथ बांटोगे..!!
अजब सी खामोशी हैं मेरे अंदर तेरे जाने के बाद....
मै चीखती हु, चिल्लाती हु मगर शोर नहीं होता!!