सबको जानने की कोशिश मेंमैंने खुद को खुद से अपरिचित देखा है
~पूजा लोधी
नकारात्मक लोग से किनारा करों,ये आप को कभी सफल नही होने देंगे।
कभी इसका दिल रखा
और कभी उसका दिल रखा
इसी कशमकश में भूल गए
खुद का दिल कहाँ रखा
https://youtu.be/IlVQhjYTsak
बरसात के मौसम में...
इलाज़ ना ढूंढ तू इश्क़ का, वो होगा ही नहीं, इलाज़ मर्ज़ का होता है इबादत का नहीं..!!
कितनी भी जान छिड़क लो…
बदलने वाले बदल ही जाते हैं!!!
जो धधक रहे हैं दिन रात मेहनत की आग में
वे सब भविष्य के सूर्य हैं अपने परिवार के...।
सब्र जितना था कर लिया मैने,
अब तुम ना मिलों वही बेहतर है...
कर्ज़ लेकर परेशान वही होता है,जो कर्ज़ चुकाने की सोचता है….
हालातों के साज़ परपीड़ा के तार सेवेदना के स्वर लिखूँगा
वक़्त की राह परज़िन्दगी की क़लम सेलम्हों की रफ़्तार लिखूँगा
वैश्या की पीड़ा सेजिस्म के खरीददारों परमैं हवस के बाज़ार लिखूँगा
तन्हाई के साये मेंअन्धेरे की क़लम सेमैं अपना संसार लिखूँगा..
तुम पढ़ नहीं पाओगे उदासियां मेरी , कि मुस्कुराने के हुनर में हम इतने माहिर हैं ..!!
तन को सौ बंदिशें , मन को लगी न रोक तन की दो गज कोठरी , मन के तीनों लोक !!
लैलाओं को महलों का दुःख होता है,चौराहों पर मजनू पत्थर खाते हैं.