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World's Best Cow Hospital

सफेद सलवार पे पीली कुर्तीमत पहना करो 😍 मम्मी देखकर बोलती है देख तेरीकढ़ी चावल आ रही.!! 🤓😁

पीने का अंत बर्बादी ही है, चढ़ गई तो आदमी बर्बाद, और न चढ़ी तो पैसे।

अगर मोहोब्बत जिस्म से होतीतो तुमसे ही कियू होती हजारों से होती…

पहाड़ पर चढ़ो तो पहाड़, पहाड़ नहीं रह जातानदी पार कर लो तो नदी, नदी नहीं रह जाती लेकिन आदमी कोजितना समझते जाओउतना वह मुश्किल होता जाता है। ~ विष्णु नागर

कीतना बेबस हो जाता है इंसान जबवो किसी को खो भी नही सकताऔर उसका हो भी नही सकता

मज़दूर स्त्रियों के साथ अपने खेत में धान की रोपनी की..! नेहा सिंह राठौर

मतलब में बहुत ज्यादा वज़न होता है..तभी तो मतलब के बाद रिश्ते हल्के हो जाते हैं..!!

तुम अपनी इज्जत करके तो देखो, लोग अपने आप औकात में आ जायेंगे।

तुम्हारी नूर के दीदार को ,कहाँ रोक पायेगा हिजाब।दिल मेरा कहता है,क्यों ना दे दूँ तुम्हें,जन्नत की हूर का ख़िताब।।

बहुत जानी हुई शक्ल भी , कभी कभी पहचानी नहीं जाती है ...

जिंदगी में इतने काबिल बनो कोई ये,ना बोल दे, कि मेरे बिना तेरा क्या होगा।

में मिट्टी जैसे मैला, वो साफ़ जैसे रेत मैं चाय जैसा साँवला, वो दुध जैसी सफेद !

कुछ मजबूरियों के हाथों बेबस हो गया हूं वरना मैं भी था लोगों के बहुत काम का

अपनी पीड़ा के लिए संसार को दोष मत दो अपने मन को समझाओ तुम्हारे मन का परिवर्तन ही तुम्हारे दुखों का अंत है !

अच्छे दिन आने वाले हैंढोंगी जी अब जाने वाले हैं

तूफानों से आँख मिलाओ सैलाबों पे वार करोमल्लाहों का चक्कर छोड़ो तैर के दरिया पार करो ~ डॉ. राहत इंदौरी

बेवक़्त आया तूफ़ान बे-हिसाब तबाही मचा जाता है, फ़िर चाहे वो हमारे शहर में आया हो या हमारे जीवन में !

बुद्धि अगर स्वार्थ से मुक्त हो, तो हमे उसकी प्रभुता मानने में कोई आपत्ति नहीं।

अपने दर्द खुदा को बता दिया करो, फिर दर्द जाने दवा जाने और खुदा जाने...

क्यूं सोचें, के चार लोग क्या कहेंगे? समाज में महज़ चार लोग थोड़ी है।


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