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World's Best Cow Hospital

अक्सर इत्तेफाक से मिलने वाले,मर्ज़ी से बिछड़ जाते हैं !

पता है मुझे ऐ ज़िन्दगी कदम कदम पर तू मुझे रुलायेगी मगर याद रख तेरे ज़ुल्मों सितम की उम्र है छोटी मेरे होंठों की हंसी से तू पल पल मात खायेंगी

कायरता कि लेप चढ़ाकर, अपनी मर्दानगी खत्म करते हैं, औरत अगर उड़ने के ख्वाब देखे, तो उसपर ज़ुल्म करते हैं..!!

मैं बिल्कुल शीशे जैसा हु जो जितना मेरा है मैं उसका उतना हु.

बड़े खुबसूरत दिखते हैं वो,जिनके अंदर ज़हर भरा होता है…

हर किसी से बिखर जाऊँ।। इतनी हल्की हमारी हस्ती नहीं।।

सुख में होंगे तो करेंगे खुलासे !अब दुख में क्या तमाशे करू !!

हमेशा दूसरों को हँसाओ दुसरो को मनाओ, कभी कभार खुद को भी पूछ लेना चाहिए कि तुम्हारा हाल कैसा है...

ज़िन्दगी की तलाश में हम मौत के कितने पास आ गए

परेशानी यह नहीं की दिन बुरे चल रहें, मसला ये है कि दिन भी जवानी के हैं ..!!

खामोश रहना हमें वहीं सिखाते है जिनसे हम बात करना चाहते हैं ..!!

ना शाखों ने जगह दी न हवाओं ने बख्शा वो पत्ता आवारा न बनता तो और क्या करता!

कहते हैं आत्मा से ख़ून नहीं बहता शायद इसलिए, सबसे ज्यादा घाव आत्मा को सहने पड़ते हैं !

मेरी एक जान हैं,और वो भी शैतान हैं

वर्तमान में स्त्री का एक हिस्सा , उसके बहोत से हिस्सो पर भारी पड़ रहा है ।

हम ईश्वर से वो मांगते हैं जो हमें अच्छा लगता है, परन्तु ईश्वर हमें वो देते हैं जो हमारे अच्छे के लिए होता है!

नादान हो तुम तुम्हें अभी इल्म नहीं है ये ज़िन्दगी है मेरी जान कोई फिल्म नहीं है..!!

क़ीमत दोनों की चुकानी पड़ती है, बोलने की भी और चुप रहने की भी

मां सीता जिंदा मिली यह राम जी की ताकत थी लेकिन मां सीता पवित्र मिली वह रावण की मर्यादा थी

एक समंदर मेरे अंदर मस्त कलंदर... उछल रहा है उछल उछल कर निगल रहा है वक्त को वक्त की बेवजह पाबंदीओं को… अंदर के समंदर से कभी वक्त कहां बड़ा हो पाया ❓ मैंने मुझको हमेशा वक्त से बड़ा पाया इस लिए अंदर के समंदर में वक्त को डूबता पाया।।


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