World's Best Cow Hospital

लहरों का शोर नहीं, सागर का 'शान्त' सुनो जीवन में कुछ बड़ा करना है, तो एकान्त चुनो प्रह्लाद पाठक

ना किया कोई सिंगार फिर भी गम नहीं , गरीब बाप की बेटी परी से कम नहीं ।।

एक दिन तेरी ज़िन्दगी में ऐसा भी आयेगा, मेरी आंखों में आंसू कम होंगे, तेरे ज़ेहन में पछतावा ज्यादा होगा...!!

पता नहीं क्यों सब बीवी से डरते हैँ मैं तो किसी की बीवी से नहीं डरता

बुरा वक़्त हमेशा इंसान को ,अकेला कर देता है …

दर्द का कहर बस इतना सा है,कि आँखें बोलने लगी और आवाज रूठ गई ..

बहुत कुछ और भी है इस जहाँ मेंये दुनिया महज़ ग़म ही ग़म नहीं है!

थक जाता है इंसान "ख्वाहिशें" पूरी होने से पहले,कभी परिस्थितियां मार जाती हैं तो कभी ज़िम्मेदारियां..!!

समझो जग को न निरा सपना पथ आप प्रशस्त करो अपना मैथिलीशरण गुप्त

दिल पर लगी बातें अक्सरआवाज़ छीन लेती हैं !

यूँ तो न हुईं मेरी राहें रौशन, मैंने बाप को जलते हुए देखा है -- अम्बष्ठ

हर दरबार में जाकर माँगा हैं तुम्हें, प्रसाद मिल जाता है पर तुम नहीं

तेरे वास्ते फलक से चांद लाए थे सोलह सत्राह सितारे संग बांध लाए थे ज़रा सी देर क्या हुई हमे आने में तुम चले गए किसी और की जिंदगी सजाने में…!!

सम्मान सबका मगर इज्जत उतनी,जितनी सामने वाला करे...!!

मन का अर्जुन कह रहा हैं कि खुल के जी लूं कृष्ण ने कहा वत्स सब मोह माया है...

थक चुका हूं जिंदगी को हिसाब देकर सिर्फ सूत उतारा है अभी मूल बाकी है

रिश्तो से आजाद नखरो की गुलामी नहीं करता, मुंह पर सच बोलता हूं पीठ पीछे बुराई नहीं करता

हारकर अपनी तक़दीर से,अवसादों के बीच भंवर में खोया था, जब मौत मांग रही थी ज़िन्दगी,मैं सिसक सिसककर रोया था.

हम को बचपन ही से इक शौक़ था बर्बादी से नाम लिख लिख के मिटाते थे ज़मीं पर अपना!

अपने गैरों की दलाली करने लग जाए, तो वो अधिक देर तक अपने नहीं रहते !!


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