वक्त सब कुछ बदल देता हैजरूरत सिर्फ सब्र की है...!!

समय कई जख्म देता है इसलिये...घडी में फूल नहीं काटे होत है...!

जीत का जुनून है, फिर हार सोचना क्यों!

तेरी मर्जी से ढल जाऊं हर बार ये मुमकिन तो नहीं,,मेरा भी अपना वजूद है मैं कोई आइना तो नहीं...!!

वो महावर से भरे पांव कब खून से भर गए पता भी नहीं चल पाया उसे जो दिल जीतने निकली थी वो कब ख़ुद से हार गई पता भी नहीं चल पाया उसे....!!

Translate »