अगर लोगों को आपसे समस्या है तो ये, समस्या उनकी अपनी है "आपकी नहीं...
हे अर्जुन! हजारों मनुष्यों में कोई एक मुझे पाने के लिये प्रयास करता है,और उन प्रयास करने वाले योगियों भी कोई एक ही मेरे परायणहोकर मेरे तत्त्व को जानता है।
कौन कौन मानता है कि जिंदगी में पापा का होना किसी कुबेर के खजाने से कम नहीं
उन रिश्तों का खत्म हो जाना ही बेहतर है, जहां दुख और अपमान के सिवा कुछ न मिले...
बात से बदलने वाले और जज़्बात से खेलने वाले इंसान से दूरी जितना बना के रखो उचित होता है...