5

Nov

हंसने की आदत डाली है,
खुशी का कुछ एहसास नहीं,
आसू भी अक्सर डुलते है
पर दुःख भी कोई खास नहीं,

नकाबों मैं वक्त गुजरे अपना,
गहरे अपने जज़्बात नहीं...!!

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