20

Jun

चराग-ए-इश्क कभी दिल से जलाया न करो ,
जलाओ तो जलाकर नफरत से बुझाया न करो,
............ गम ये नहीं के भूल गए तुम हमको...
बात ये है के , इस कदर याद तुम आया न करो...!!

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