सब कुछ झूठा हो सकता है लेकिन अकेले में बहाया हुआ आंसू नहीं।
एक बार अच्छी खासी लड़ाई के बाद तुमने कहा था कि" एक समय बीत जाने के बाद तुम्हें समझ आएगा कि मुझसे अधिक प्रेम तुम्हें कोई ना कर सका और तब तुम मुझे ढूंढोगी, मेरे उस प्रेम को याद करोगी,...
जीवन की असली पढ़ाई,पढ़ाई खत्म होने के बाद सुरू होती हैं…
इतना अजीब शख़्स हूँ कि मेरे साथ रहकरबिगड़े हुए सुधर गए सुधरे हुए बिगड़ गए
खामोशी से मतलब नहीं, मतलब तो बातों का हैदिन तो गुजर जाता है, मसला तो रातों का हैं!!